pratilipi-logo प्रतिलिपि
हिन्दी

हमें मिलना ही था.... किसी राह भी निकलते ❤️-5

4.9
6658

अमोली अपने भाई की समझदारी  से मन ही मन प्रसन्न थी लेकिन अभी समय है पापा के सही इलाज करवाने की। इन सोच में डूबी रिसेप्शन पर जाकर कुछ  कागज़ात पर हस्ताक्षर कर चुपचाप अपने पिता के ऑपरेशन थिएटर के ...

अभी पढ़ें
हमें मिलना ही था... किसी राह भी निकलते ❤️-6
हमें मिलना ही था... किसी राह भी निकलते ❤️-6
पूजा मणि
4.9
ऐप डाउनलोड करें
लेखक के बारे में
author
पूजा मणि

शब्दों मे उलझना अच्छा लगता है

समीक्षा
  • author
    आपकी रेटिंग

  • कुल टिप्पणी
  • author
    Megha Gupta
    16 जुलाई 2022
    shukar h Bhagwan ji ka 🙏🙏🙏amoli k papa thc ho gaye🙏🙏🙏🙏 bahut bura waqt hota h ye..🥺🥺🥺 n aviral ne jo kaha ki wo use pasand karne laga h..jhoot kaha taaki wo amoli se shaadi kar sake..or bachi ko maa ka pyar mil sake..jabki uski to girlfriend h.. to wo apni girlfriend se shaadi karle .q amoli ko andhere me rakh rha h .🙏🙏🙏
  • author
    कल्याणी दास
    09 अगस्त 2022
    कहानी बिल्कुल सही रफ्तार से बढ़ रही है। पर कहीं -कहीं गलत शब्द लिखा गए हैं और कहीं कहीं किसी शब्द की बिल्कुल भी जरूरत नहीं थी लिखने की। बहुत ही छोटी -छोटी गलतियां हैं उन्हें सुधार लिजिए। बाकि कहानी की जितनी तारीफ की जाए,कम होगी।💐💐💐
  • author
    Krishna Shukla
    20 जुलाई 2022
    अच्छी कहानी प्यार जिम्मेदारी और फर्ज क़ी मिलीजुली कहानी
  • author
    आपकी रेटिंग

  • कुल टिप्पणी
  • author
    Megha Gupta
    16 जुलाई 2022
    shukar h Bhagwan ji ka 🙏🙏🙏amoli k papa thc ho gaye🙏🙏🙏🙏 bahut bura waqt hota h ye..🥺🥺🥺 n aviral ne jo kaha ki wo use pasand karne laga h..jhoot kaha taaki wo amoli se shaadi kar sake..or bachi ko maa ka pyar mil sake..jabki uski to girlfriend h.. to wo apni girlfriend se shaadi karle .q amoli ko andhere me rakh rha h .🙏🙏🙏
  • author
    कल्याणी दास
    09 अगस्त 2022
    कहानी बिल्कुल सही रफ्तार से बढ़ रही है। पर कहीं -कहीं गलत शब्द लिखा गए हैं और कहीं कहीं किसी शब्द की बिल्कुल भी जरूरत नहीं थी लिखने की। बहुत ही छोटी -छोटी गलतियां हैं उन्हें सुधार लिजिए। बाकि कहानी की जितनी तारीफ की जाए,कम होगी।💐💐💐
  • author
    Krishna Shukla
    20 जुलाई 2022
    अच्छी कहानी प्यार जिम्मेदारी और फर्ज क़ी मिलीजुली कहानी