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प्रेम या प्रायश्चित

4.5
17997

विभा अपने ऑफिस में हतप्रभ सी बैठी थी। उसके हाथ में अनूप का दिया विवाह का निमंत्रण पत्र था,जो वो अभी अभी देकर गया था। विभा का मन अब ऑफिस के काम मे नहीं लग रहा था। वह अपनी और अनूप के प्रेम की यादों ...

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लेखक के बारे में
author
Shobhna Goyal

मैं शोभना गोयल। लिखने पढ़ने का शौक खींच लाया प्रतिलिपि की ओर ।मैं कोई लेखिका नहीं , बस थोड़ा प्रयास भर है ।

समीक्षा
  • author
    आपकी रेटिंग

  • कुल टिप्पणी
  • author
    Asha Shukla ""Asha""
    16 March 2019
    बेहद खूबसूरत भावों की अभिव्यक्ति करती हुई बेहतरीन और अनुपम रचना !!👌👌💐💐शानदार लेखन!!!👌👌💐💐💐
  • author
    The_Loosers_Diary
    27 July 2022
    पता नहीं मैम ये प्रेम है या प्रायश्चित.... लेकिन जो भी है बहुत खास अहसास है ..... बहुत ही खुबसूरत और सार्थक रचना लिखी है आपने 👌👌👌👌👌👌👌👌🤗
  • author
    Vijaykant Verma
    17 March 2019
    🥀बहुत सुंदर कृति..
  • author
    आपकी रेटिंग

  • कुल टिप्पणी
  • author
    Asha Shukla ""Asha""
    16 March 2019
    बेहद खूबसूरत भावों की अभिव्यक्ति करती हुई बेहतरीन और अनुपम रचना !!👌👌💐💐शानदार लेखन!!!👌👌💐💐💐
  • author
    The_Loosers_Diary
    27 July 2022
    पता नहीं मैम ये प्रेम है या प्रायश्चित.... लेकिन जो भी है बहुत खास अहसास है ..... बहुत ही खुबसूरत और सार्थक रचना लिखी है आपने 👌👌👌👌👌👌👌👌🤗
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    Vijaykant Verma
    17 March 2019
    🥀बहुत सुंदर कृति..