सखी री पावस ऋतु आई नगाड़े धमा धम बौछार छमा छम बादलों की ओढ़ चुनरिया शीतल हवा के झोंके लाई पात पात हरियाया सुख से प्यासी धरती मुस्काई सखी री पावस ऋतु आई चहुँ दिस फैली श्यामल छाया ...
वाह, दिल को सुकून देती आपकी ये प्यारी सी रचना, उच्चकोटि की काव्य रचना लिखी है आपने, अब तो जब भी आप काव्य रचना लिखते हैं, तो क्या खूब लिखते हैं,, हम तो पढ़ते ही रह जाते हैं, ऐसे ही सुंदर सुंदर लिखते रहिए, ढेरों शुभकामनाएं आपको प्यारी ma'am, 💐💐😊😊👍👍🙏🙏
रिपोर्ट की समस्या
सुपरफैन
अपने प्रिय लेखक को सब्सक्राइब करें और सुपरफैन बनें !
वाह वाह वाह दीदी,, उत्तम काव्य सृजन,, बरखा रानी प्रकृति का भाव-विभोर चित्रण।
अमूवा पर कोयलिया कूके..................आए मलयानिल के झोंके।👌👌👌👌👌👌👌👌👌👌👌👌👌👌👌
बेहतरीन शब्दावली
रिपोर्ट की समस्या
सुपरफैन
अपने प्रिय लेखक को सब्सक्राइब करें और सुपरफैन बनें !
वाह, दिल को सुकून देती आपकी ये प्यारी सी रचना, उच्चकोटि की काव्य रचना लिखी है आपने, अब तो जब भी आप काव्य रचना लिखते हैं, तो क्या खूब लिखते हैं,, हम तो पढ़ते ही रह जाते हैं, ऐसे ही सुंदर सुंदर लिखते रहिए, ढेरों शुभकामनाएं आपको प्यारी ma'am, 💐💐😊😊👍👍🙏🙏
रिपोर्ट की समस्या
सुपरफैन
अपने प्रिय लेखक को सब्सक्राइब करें और सुपरफैन बनें !
वाह वाह वाह दीदी,, उत्तम काव्य सृजन,, बरखा रानी प्रकृति का भाव-विभोर चित्रण।
अमूवा पर कोयलिया कूके..................आए मलयानिल के झोंके।👌👌👌👌👌👌👌👌👌👌👌👌👌👌👌
बेहतरीन शब्दावली
रिपोर्ट की समस्या
सुपरफैन
अपने प्रिय लेखक को सब्सक्राइब करें और सुपरफैन बनें !
रिपोर्ट की समस्या
रिपोर्ट की समस्या
रिपोर्ट की समस्या