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पत्थर दिल

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पत्थर दिल बोलना कितना आसान है पत्थर दिल भी तो दिल ही है वो भी सबकी तरहा ही धड़कता है सिर्फ वो किसीसे कुछ केहता नही बस वो सबकी हमेशा सुनता है पत्थर दिल बोलना कितना आसान है सोचो अगर वो पत्थर दिल ...

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sareka
समीक्षा
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    आपकी रेटिंग

  • कुल टिप्पणी
  • author
    Sanjay Sawarkar "विद्रोही"
    11 सितम्बर 2022
    अप्रतीम कवीता. दिल तो दिल है, चाहे पथ्थर का हो या मोम का आखीर धडकना तो है ही!
  • author
    11 सितम्बर 2022
    बहुत-बहुत भावपूर्ण प्रस्तुति....सारिका जी 👌👌👌👌👌👌👌👌
  • author
    Megha Arbuj
    11 सितम्बर 2022
    खूपच सुंदर ✍🏻✍🏻👌🏻👌🏻👌🏻
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  • author
    Sanjay Sawarkar "विद्रोही"
    11 सितम्बर 2022
    अप्रतीम कवीता. दिल तो दिल है, चाहे पथ्थर का हो या मोम का आखीर धडकना तो है ही!
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    11 सितम्बर 2022
    बहुत-बहुत भावपूर्ण प्रस्तुति....सारिका जी 👌👌👌👌👌👌👌👌
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    Megha Arbuj
    11 सितम्बर 2022
    खूपच सुंदर ✍🏻✍🏻👌🏻👌🏻👌🏻