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पश्चाताप (लघुकथा)

4.8
114

दिनेश जी जैसे संवेदनशील शिक्षक के लिए पुत्री सदृश अपनी होनहार छात्रा के स्कूल आते समय किसी आवारा लड़के द्वारा उसे लक्ष्य कर फब्तियाँ कसने की घटना असह्य थी। छुट्टी के बाद स्कूल से घर लौटने पर ...

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लेखक के बारे में
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अमित कुमार

साहित्य सृजन की विधा: कविता, लघुकथा, नाटक, लेख, संस्मरण आदि। शिक्षा : एम.ए.(राजनीति शास्त्र), एम.ए. (हिन्दी साहित्य), बी.एड. सम्प्रति : उच्चतर माध्यमिक शिक्षक, राजकीयकृत ल.ना.रा. उ.मा.वि., ढीबर (बाढ़) सदस्य, सम्पादक-मंडल, 'प्राच्य प्रभा' बिहार माध्यमिक शिक्षक संघ ज़माल रोड (पटना) स्थायी पता : 'जगदीश द्वार', पंडारक (पटना) पिन- 803221 (बिहार) ईमेल : [email protected] मोबाइल नं.: 9693274111.

समीक्षा
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  • कुल टिप्पणी
  • author
    amrita anand
    14 अप्रैल 2020
    आज के समाज की सच्चाई
  • author
    shashi Capoor
    18 नवम्बर 2020
    प्रेरणादायक लघुकथा
  • author
    Minu Jha
    14 अप्रैल 2024
    कितना अच्छा होता की साहित्यिक पात्र की तरह सामाजिक पात्र भी अपनी गलती को मान पश्चाताप के आंसुओं से स्वयं को पवित्र कर लेते!
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  • author
    amrita anand
    14 अप्रैल 2020
    आज के समाज की सच्चाई
  • author
    shashi Capoor
    18 नवम्बर 2020
    प्रेरणादायक लघुकथा
  • author
    Minu Jha
    14 अप्रैल 2024
    कितना अच्छा होता की साहित्यिक पात्र की तरह सामाजिक पात्र भी अपनी गलती को मान पश्चाताप के आंसुओं से स्वयं को पवित्र कर लेते!