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पागल आदमी.

4.5
16

अनहोनी का डर क्यूँ? सवाल है होने और नहीं होने में अनहोनी का डर क्यूँ? मुझे कुछ भी अनहोनी नहीं लगता. मुझे कुछ भी होना अच्छा नहीं लगता. उस दिन के बाद से सब बदल गया. तब से कुछ भी होना, ना होना, ...

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अपार्थ

कुछ कह नहीं सकता हूँ उसे, तो लिखता हूँ.

समीक्षा
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  • author
    Asha garg
    01 मई 2020
    Very beautiful heart touching ✍️👍👍💐💐
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    Asha garg
    01 मई 2020
    Very beautiful heart touching ✍️👍👍💐💐