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ख्वाहिशों की कब्र

4.2
5443

क्वीन आज खुश थी, बहुत ही ज्यादा खुश, क्योंकि उसकी जिंदगी की सबसे बड़ी ख्वाहिश पूरी होने वाली थी। उसका मन सुबह से ही बैचैन था। एक-एक पल काटना उसके लिए मुश्किल हो रहा था। ख्वाहिशें भी क्या चीज होती हैं, ...

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लेखक के बारे में
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संजीव
समीक्षा
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    आपकी रेटिंग

  • कुल टिप्पणी
  • author
    Shankar Yadav
    10 जुलाई 2016
    queen ne apni life ke 15 saal barbad kr diya .aur khusi ki jagah mili maut.....bahut ajeeb story hai
  • author
    Priyanka Kumari
    19 अक्टूबर 2016
    इन्सान ख्वाहिश के कब्र पे ही बैठा है एक पुरा तो दुसरे की इच्छा हमेशा बनी रहती है
  • author
    Ranbir Singh
    30 जुलाई 2016
    दिमाग को झकझोर कर रख देने वाली कहानी बहुत ही बदनसीब लड़की की कहानी
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    Shankar Yadav
    10 जुलाई 2016
    queen ne apni life ke 15 saal barbad kr diya .aur khusi ki jagah mili maut.....bahut ajeeb story hai
  • author
    Priyanka Kumari
    19 अक्टूबर 2016
    इन्सान ख्वाहिश के कब्र पे ही बैठा है एक पुरा तो दुसरे की इच्छा हमेशा बनी रहती है
  • author
    Ranbir Singh
    30 जुलाई 2016
    दिमाग को झकझोर कर रख देने वाली कहानी बहुत ही बदनसीब लड़की की कहानी