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कीमत

4.3
457

अकेला महसूस करों तन्हाई में याद मेरी आयी जब जुदाई में , मत रोना मेरी बेवफाई पर क्यूंकि जालिम दुनिया , तेरी आशुओं की कीमत कभी न समझ पायेगी | ...

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लेखक के बारे में

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समीक्षा
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    Guru Krishna
    06 अक्टूबर 2018
    Very impressive and inspire
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    Guru Krishna
    06 अक्टूबर 2018
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