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चूहा भाग ,बिल्ली आई *

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चूहा भाग ,बिल्ली आई , चूहा भाग ,बिल्ली आई , देख रहा मोटा हलवाई , खेल रहे पकड़म पकड़ाई । भरी भगोने में , रस मलाई , बासी रबड़ी,में खटास आई । मिले मिलावट ,वाला दूध , पड़ती नहीं मोटी मलाई । चूहा भाग ...

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लेखक के बारे में

जै श्री कृष्ण ,औरों के बारे में बात करनी हो तो बहुत सारी बातें याद आती हैं मैं अपने बारे में यही कहूंगी में एक गृहणी हूं और मेरा टूर एंड ट्रैवल का बिजनेस है जो घर से चलाती हूं बृज धाम टूर एंड ट्रैवल के नाम से है मुझे लिखने का शौक बचपन से ही है ,हमारे समाज में होली गायन तीज व ब्रज के लोक गीत बना कर गाने का चलन है ,शादी ब्याह में आज भी एक दो गाने तो जरूर समधी समधिन के बारे में बनाए जाते हैं , वहीं शौक पूरा करने के लिए में भजन गीत कविता और कहानी लिख लेती हूं होली गायन में विशेष रूप से तान मुझे बहुत अच्छी लगती हैं अब सावन सा रहा है उसमें राधा कृष्ण के हिंडोला लेखन भी बहुत अच्छे लगते हैं

समीक्षा
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  • कुल टिप्पणी
  • author
    Ashwani Kumar "(Ashu)"
    15 मार्च 2022
    उसमें मक्खी है ... क्या बात है बहुत ही खूबसूरत और भावपूर्ण अभिव्यक्ति
  • author
    13 मार्च 2022
    मजेदार लिखा है आपने🌳🌷🌸🌳🌷🌸🌳🌷🌸🌳🌷🌸
  • author
    Saraswati Mishra
    14 मार्च 2022
    अतिउत्तम शानदार प्रस्तुति लाजवाब
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    Ashwani Kumar "(Ashu)"
    15 मार्च 2022
    उसमें मक्खी है ... क्या बात है बहुत ही खूबसूरत और भावपूर्ण अभिव्यक्ति
  • author
    13 मार्च 2022
    मजेदार लिखा है आपने🌳🌷🌸🌳🌷🌸🌳🌷🌸🌳🌷🌸
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    Saraswati Mishra
    14 मार्च 2022
    अतिउत्तम शानदार प्रस्तुति लाजवाब