सर्दियों का सवेरा भी आंधी रात ही लगता है ,पर दफ्तर भी जाना है, "बच्चों को स्कूल भी भेजना है" इसलिए उठना तो है ही। मूंह हाथ धोकर चाय बनाने को रखी ही थी कि डोर बैल बजी, रमिया आ गई थी।चैन की सांस ...

प्रतिलिपिसर्दियों का सवेरा भी आंधी रात ही लगता है ,पर दफ्तर भी जाना है, "बच्चों को स्कूल भी भेजना है" इसलिए उठना तो है ही। मूंह हाथ धोकर चाय बनाने को रखी ही थी कि डोर बैल बजी, रमिया आ गई थी।चैन की सांस ...