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मेरी मोहब्बत

4.3
532

" ईश्वर ने इंसान को बनया हि ऐसा है कि उसे मोहब्बत हो हि जाती है, वो जब हो लेकीन होती जरुर हैं " " अच्छा , आपको हुई थी " " मुझे,,,,,,,,मुझे क्या हुआ था,ये आज तक पता नही चला, पर तु चिंता मत कर ...

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लेखक के बारे में
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शशि रंजन

एक आवारा, दिल का प्यारा कवि, लेखक

समीक्षा
  • author
    आपकी रेटिंग

  • कुल टिप्पणी
  • author
    Bhagyashree
    17 अगस्त 2018
    Very Awesome Poem for One Side Love... It's Amazing... Aap dil se likhate ho...
  • author
    11 जून 2020
    भाई शशि रंजन जी बहुत बहुत बधाई और साधुवाद कहानियों कविताओं में में जान डालने के लिए अपनी जान झोंक दी।लेखक के दिल से निकली भावनाएं पाठक के दिल तक अवश्य ही पहुंचती हैं, जो आपकी रचनाओं से स्पष्ट है। किंतु क्षमा करें। आप अपने दिल की भावनाओं से न्याय करते हैं तो हिंदी जो आपकी प्रसिद्धि का आधार है उससे न्याय क्यों नहीं करते? इसी "मेरी मोहब्बत "को पढकर देख लीजिए वर्तनी का क्या बलात्कार किया है आपने। मेरा विनम्र सुझाव है कि भावनाएं व्यक्त करते समय भाषा तथा व्याकरण का भी सम्मान करें। धृष्टता के लिए क्षमाप्रार्थी हू। आपका शुभचिंतक पाठक। शुभकामनाएं।
  • author
    मलंग
    25 अगस्त 2020
    बहुत ही सुन्दर रचना है
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  • author
    Bhagyashree
    17 अगस्त 2018
    Very Awesome Poem for One Side Love... It's Amazing... Aap dil se likhate ho...
  • author
    11 जून 2020
    भाई शशि रंजन जी बहुत बहुत बधाई और साधुवाद कहानियों कविताओं में में जान डालने के लिए अपनी जान झोंक दी।लेखक के दिल से निकली भावनाएं पाठक के दिल तक अवश्य ही पहुंचती हैं, जो आपकी रचनाओं से स्पष्ट है। किंतु क्षमा करें। आप अपने दिल की भावनाओं से न्याय करते हैं तो हिंदी जो आपकी प्रसिद्धि का आधार है उससे न्याय क्यों नहीं करते? इसी "मेरी मोहब्बत "को पढकर देख लीजिए वर्तनी का क्या बलात्कार किया है आपने। मेरा विनम्र सुझाव है कि भावनाएं व्यक्त करते समय भाषा तथा व्याकरण का भी सम्मान करें। धृष्टता के लिए क्षमाप्रार्थी हू। आपका शुभचिंतक पाठक। शुभकामनाएं।
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    मलंग
    25 अगस्त 2020
    बहुत ही सुन्दर रचना है