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मालकिन की खिड़की

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मुंबई… शहर कभी नहीं सोने वाला। लेकिन इस शहर की भीड़-भाड़ से दूर, एक शांत इलाका था, जहाँ ज़िंदगी किसी और ही रफ़्तार से चल रही थी। वहीं एक पुरानी इमारत खड़ी थी, जिसकी दीवारों का रंग उड़ चुका था और ...