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#कैसा तेरा प्यार #

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किस प्यार को सच कहूँ मैं, किसका सहारा बनकर रहूँ मैं,    वही प्यार जो हमबिस्तर होने के बाद राँड़ बोलता है    रिश्तों में सिमट जाता हूँ वरना खून तो मेरा भी खौलता है    पता नहीं ये मेरी भूल थी या ...

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लेखक के बारे में
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Raushan Singh

लिखने का शौक तो बचपन से था, तभी तो "55 " के लोग भी हमारी रचनाओं के कायल हैं।

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