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हां, वो एक वेश्या थी

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कामिनी, पुंश्चली, गणिका, कुंभदासी, देवदासी, रुपाजीवा..... अनेक नाम थे उसके कुछ साहित्यकार उसे शिल्पकारिका तो कुछ तवायफ के नाम से जानते थे।। कुदरत के निर्माण नियमों से पूर्णतः उलट दिन के समय काजल ...