रात हूं मैं रात हूं , एक अकेली रात हूं । अमावस की रात कभी पूनम की रात हूं । मैं निशा , रजनी ,तमिस्रा ही भले हूं , और जरूरत के बिना भी संग चली हूं , चाह तुमको हो न मेरी, है जरूरत , बेजरूरत प्यार ...

प्रतिलिपिरात हूं मैं रात हूं , एक अकेली रात हूं । अमावस की रात कभी पूनम की रात हूं । मैं निशा , रजनी ,तमिस्रा ही भले हूं , और जरूरत के बिना भी संग चली हूं , चाह तुमको हो न मेरी, है जरूरत , बेजरूरत प्यार ...